वास्तु क्रमांक 18.
दोष
1. नेत्रग्य कोण में प्रवेश द्वार है।
2. नेत्रग्य कोण में मुह देखने का बड़ा कांच लगा हुआ था।
3. पश्चिम मुखी दुकान है।
परेशानिया
नेत्रग्य कोण में दोष होने से हर काम में बाधा आती है भयंकर आर्थिक परेशानिया हर समय घेरे हुए रहती है और व्यापर में लगातार नुकशान होने की पूरी सम्भावना रहती है।
पश्चिम मुखी कपडे की दुकान होने से कपड़ो का संग्रह इतना अच्छा नहीं हो सकता है जो की ग्राहक पसंद करे।
उपाय
नेत्रग्य कोण
1. नेत्रग्य कोण यंत्र स्थापित करवाया।
2.
3.
4.
5.
पश्चिम दिशा
1. पश्चिम दिशा यंत्र स्थापित करवाया।
2.
3.
परिणाम
उपरलिखित उपाय करने से जो दुकान बिलकुल भी नहीं चल रही थी अब वो अच्छी चलने लगी है और एक एक करके सारी परेशानिया खत्म हो रही है।
Micro Palmistry is oriented on Element Palmistry. PhD and Gold Medalist in Vastu Science and Palmistry.
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सोमवार, 14 सितंबर 2015
Vastu Shastra - वास्तु शास्त्र - 4
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